सुप्रसिद्ध उपन्यासकार संजीव बख्शी के उपन्यास "भूलन कांदा" आधारित छत्तीसगढ़ी फ़िल्म "भूलन द मेज" के शानदार…
Author: Ramesh kumar Chauhan
रमेश कुमार चौहान हिन्दी एवं छत्तीसगढ़ी भाषा के कवि एवं लेखक हैं । विशेष रूप से आपका परिचय एक छंदकार के रूप में हैं । छत्तीसगढ़ी साहित्य में छंद बद्ध पांच किताबे प्रकाशित हैं वहीं हिन्दी में भी दो पुस्तकें प्रकाशित हैं । आप एक हिन्दी कंटेंट राइटर के रूप में भी सेवा दे रहे हैं ।
कहानी: मछुआरे की लड़की-डाॅ विनोद कुमार वर्मा
एक विकलांग लड़की के असाधारण पराक्रम की गाथा : सुप्रसिद्ध कथाकार व व्याकरणविद् डाॅ विनोद कुमार…
व्यथा-कथा:आंदोलन के नाम पर, करो न अत्याचार
व्यथा-कथा:'आंदोलन के नाम पर, करो न अत्याचार' सचमुच देश की आमजनता की व्यथा कथा है ।…
यायावर मन अकुलाया-20 (यात्रा संस्मरण)-तुलसी देवी तिवारी
एक विशाल चहार दीवारी से घिरा श्री कृष्णभगवान् की सबसे बड़ी पटरानी रुक्मणि जी का सुंदर…
चिंतन आलेख :बचपन का बीज बुढ़ापे का फल
सांच को आंच क्या ? स्वयं प्रयोग करेके देखें फिर आप भी कहेंगे -'बचपन का बीज…
पुस्तक समीक्षाः जयकारी जनउला
हमर छत्तीसगढ़ ह लोक संस्कृति अउ लोककला के नाँव ले सरी दुनिया म अपन अलग पहिचान…
पुस्तक समीक्षा- बालकविता संग्रह फुरफुन्दी
साहित्य म जब कभू बाल साहित्य के बात आथे, त कुछ मन ल भरम हो जथे…
लघु व्यंग्य आलेख: चर्चा में-अर्जुन दूबे
समसमायिक विषय पर जो विषय चर्चा में है उस पर डॉ अर्जुन दूबे चुटिले अंदाज लघु…
पुस्तक समीक्षा कहानी संग्रह बहुरिया
बहुरिया कहानी संग्रह के कहानी मन के कथानक तिर तखार म घटे कोनो घटना अउ पात्र…
संस्कृत कविता :अहम् केवलं सुता पिते
दुखस्य गजः मम् सीरे आरुढम् कथम् व्यतितम् श्याम निशे । अनिमेशम्-अनिमेशम् गगनम् पश्यामि निद्रा न आगते…